एक शाम : वतन के नाम
नई दिल्ली। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इंडिया इस्लामिक कल्चरल सेंटर, लोधी रोड, नई दिल्ली में 13 अगस्त को ‘शांति मानस फाउंडेशन’ के तत्वावधान में त्रिभाषा मुशायरा ‘एक शाम : वतन के नाम’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में देशभक्ति, साहित्य और सांस्कृतिक विविधता का सुंदर संगम देखने को मिला।
कार्यक्रम का शुभारंभ ग़ज़लों की संगीतमय प्रस्तुति एवं सरस्वती वंदना से हुआ। इसके बाद दिल्ली-एनसीआर सहित देश के विभिन्न क्षेत्रों से आए कवि-शायरों ने देशभक्ति से ओत-प्रोत तथा विविध भावों से सजे अपने काव्य-पाठ और कलाम प्रस्तुत किए। रूबी मोहंती, श्रीमती रेणु हुसैन, इंदु राज निगम, उषा मुंशी, मनोज अबोध, डॉ. ख़ुर्रम नूर, अंजलि अदा, अनिमेष शर्मा ‘आतिश’, आलोक अविरल, ग़ुलाम रसूल देहलवी, प्रो. आनंद कुमार, मंदिरा घोष, सरफ़राज़ अहमद ‘फ़राज़ देहलवी’, सज्जाद अख़्तर, डॉ. वसीम राशिद, संतोष कुमार तिवारी, डॉ. सफ़ीना, राजेंद्र निगम ‘राज़’, डॉ. अख़लाक़, फ़रीद अहमद ‘फ़रीद’ सहित अनेक रचनाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से श्रोताओं को भावविभोर किया।
कार्यक्रम का प्रभावी संचालन कृष्णा शर्मा ‘दामिनी’ ने किया। आयोजन के सफल संयोजन में अंजलि अदा एवं रेणु शहनवाज़ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
कार्यक्रम के दूसरे सत्र में हरियाली तीज के अवसर पर महिलाओं के लिए विशेष सांस्कृतिक आयोजन किया गया। इसमें संगीत एवं सावन गीतों की प्रस्तुतियों ने वातावरण को उत्सवमय बना दिया।
समग्र रूप से ‘एक शाम : वतन के नाम’ कार्यक्रम ने देशभक्ति, साहित्यिक अभिव्यक्ति और भारतीय सांस्कृतिक परंपराओं को एक मंच पर प्रस्तुत करते हुए स्वतंत्रता दिवस की भावना को जीवंत किया।

