दिन विशेष
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दिन विशेष ( कविता ) में धर्मवीर भारती की कविता ‘कनुप्रिया’ से
दिन विशेष ( कविता ) में धर्मवीर भारती की कविता ‘कनुप्रिया’ से घाट से लौटते…
गतिविधि
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21वीं सदी में रचनात्मक लेखन के विविध आयाम
21वीं सदी में रचनात्मक लेखन के विविध आयाम साहित्य अकादमी एवं दिल्ली विश्वविद्यालय के कमला…
संस्कृति
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पुराणों में वर्णित ‘गुप्त काशी’, जहां जौ भर भूमि और होती तो यहां काशी के नाथ विश्वनाथ विराजते – (आलेख)
शिव के त्रिशूल पर बसी दुनिया की सबसे प्राचीन नगरी काशी। शिव की वह नगरी…
अनुवाद
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दिन विशेष : डॉ. परशुराम की हिंदी कविता का मराठी अनुवाद — प्रो. धन्यकुमार द्वारा।
दिन विशेष : डॉ. परशुराम की हिंदी कविता का मराठी अनुवाद — प्रो. धन्यकुमार द्वारा।…
उच्च शिक्षा
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भारत की उच्च शिक्षा : परंपरा से परिवर्तन तक – (रिपोर्ट)
“गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के प्रति हमारी प्रतिबद्धता के उत्साहजनक परिणाम मिल रहे हैं। हम अपने शैक्षणिक…
शोध
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तुलसीदास की भक्ति-भावना – (शोध-पत्र)
तुलसीदास की भक्ति-भावना -सातो युता (सातो युता जी तोक्यो, जापान में रहते हैं। वे अनेक…
कविता
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दिन विशेष ( कविता ) में धर्मवीर भारती की कविता ‘कनुप्रिया’ से
दिन विशेष ( कविता ) में धर्मवीर भारती की कविता ‘कनुप्रिया’ से घाट से लौटते…
विविध साहित्य
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विशेष विमर्श में शशि पाधा की रचना “हवा में तैरते सुर”
विशेष विमर्श में शशि पाधा की रचना “हवा में तैरते सुर” इस ललित निबंध में,…
विचार
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मैं कौन हूँ? : दक्ष वर्मा
मैं कौन हूँ? : दक्ष वर्मा दक्ष ने पूछा है ‘मैं कौन हूं’एक बच्चा स्कूल…
पुस्तक
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दिन विशेष (प्रवासी रचना) में तिथि दानी की समीक्षा ‘राख’ सीरीज़
दिन विशेष (प्रवासी रचना) में तिथि दानी की समीक्षा ‘राख’ सीरीज़ परिचय- आकाशिक रिकार्ड्स मास्टर…
विविध
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समीक्षा के भाषिक आयाम – (पुस्तक समीक्षा)
समीक्षा के भाषिक आयाम – अलका सिन्हा इसमें शक नहीं कि आजकल लेखक होना…
नवीन कवितायें
- तुम्हारा मौन (कविता) : रमाशंकर भारतीतुम्हारा मौन (कविता) : रमाशंकर भारती डॉ० रामशंकर भारती : एक परिचय – 1960 के दशक में सुरीलों के गाँव… Read more: तुम्हारा मौन (कविता) : रमाशंकर भारती
- दिन विशेष नवोदित रचनाकार में दिनेश सेन शुभ की कवितादिन विशेष नवोदित रचनाकार में दिनेश सेन शुभ की कविता दिनेश सेन ‘शुभ’ महाराजपुर, जबलपुर निवासी शासकीय सेवक एवं शोधार्थी… Read more: दिन विशेष नवोदित रचनाकार में दिनेश सेन शुभ की कविता
- दिन विशेष युवा लेखन विमर्श में उद्भव शांडिल्य की कविताएँदिन विशेष युवा लेखन विमर्श में उद्भव शांडिल्य की कविताएँ इन रचनाओं में संस्कृतनिष्ठ तत्सम शब्दावली, एक लयबद्ध प्रवाह और… Read more: दिन विशेष युवा लेखन विमर्श में उद्भव शांडिल्य की कविताएँ
- क्वेरियम की मछलियां : अलका निगमक्वेरियम की मछलियां : अलका निगम कभी देखी हैंएक्वेरियम की मछलियां,कुछ कुछ स्त्रियों सी ही तो होती हैं।रंग बिरंगे लिबास… Read more: क्वेरियम की मछलियां : अलका निगम
- दिन विशेष विमर्श में युवा रचनाकार गोलेन्द्र पटेल की कवितादिन विशेष विमर्श में युवा रचनाकार गोलेन्द्र पटेल की कविताएं गोलेन्द्र पटेल समकालीन हिन्दी के महत्त्वपूर्ण युवा कवि-लेखक हैं, जिनकी… Read more: दिन विशेष विमर्श में युवा रचनाकार गोलेन्द्र पटेल की कविता
- युवा लेखन विमर्श में रवि यादव का कविता पाठयुवा लेखन विमर्श में रवि यादव का कविता पाठ रवि यादव का जन्म महराजगंज, उत्तर प्रदेश में हुआ। उन्होंने स्नातक… Read more: युवा लेखन विमर्श में रवि यादव का कविता पाठ
- “युवा लेखन विशेष में प्रखर शर्मा की कविता पर विमर्श”“युवा लेखन विशेष में प्रखर शर्मा की कविता पर विमर्श” प्रखर शर्मा समकालीन हिन्दी के उदीयमान युवा कवि, साहित्यकार एवं… Read more: “युवा लेखन विशेष में प्रखर शर्मा की कविता पर विमर्श”
- आज का विमर्श रत्ना भदोरिया की दो कविताएँरायबरेली उत्तर प्रदेश की रत्ना भदौरिया की इन कविताओं को पढ़ते हुए आपको लगता है कि आप आज के समय से… Read more: आज का विमर्श रत्ना भदोरिया की दो कविताएँ
- अनहद नाद ( कविता ) : अनीता वर्माअनहद नाद ( कविता ) : अनीता वर्मा हमें सुनना होगा भीतर के कोलाहल को समेटना होगा उसे अपनी आत्म… Read more: अनहद नाद ( कविता ) : अनीता वर्मा
- மூச்சுப் பயிற்சி ( கவிதை ) : ஜமுனா கிருஷ்ணராஜ்மூச்சுப் பயிற்சி ( கவிதை ) : ஜமுனா கிருஷ்ணராஜ் யோக வகுப்பில் எங்களிக்கப்பட்டதுமூச்சுப் பயிற்சிஅதாவது மூச்சை உள்ளிழுத்து வெளியே மெதுவாக விட வேண்டிய பயிற்சி. அப்போது… Read more: மூச்சுப் பயிற்சி ( கவிதை ) : ஜமுனா கிருஷ்ணராஜ்
नवीन गद्य रचनाएं
- दिन विशेष (कथेतर) में विरहिणी मन और पुरुष – अभिव्यक्ति : संध्या सिलावटदिन विशेष (कथेतर) में विरहिणी मन और पुरुष – अभिव्यक्ति : संध्या सिलावट संध्या सिलावट ने इस आलेख में नारी… Read more: दिन विशेष (कथेतर) में विरहिणी मन और पुरुष – अभिव्यक्ति : संध्या सिलावट
- डॉ. ममता खेड़े की पुस्तक “लोकावतरण“ के लोकार्पण पर मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए : मनोज श्रीवास्तवडॉ. ममता खेड़े की पुस्तक “लोकावतरण“ के लोकार्पण पर मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए : मनोज श्रीवास्तव डॉ.… Read more: डॉ. ममता खेड़े की पुस्तक “लोकावतरण“ के लोकार्पण पर मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए : मनोज श्रीवास्तव
- ब्रज, भक्ति और लोक-कल्याण के शाश्वत प्रतीक – श्री कृष्ण : विजय नगरकरब्रज, भक्ति और लोक-कल्याण के शाश्वत प्रतीक – श्री कृष्ण : विजय नगरकर ‘वैश्विक हिंदी परिवार’ के साप्ताहिक मंच पर… Read more: ब्रज, भक्ति और लोक-कल्याण के शाश्वत प्रतीक – श्री कृष्ण : विजय नगरकर
- डॉ. के. जयलक्ष्मी के आलेख में ‘रामचरितमानस’ : विश्व मानवता का पथप्रदर्शकडॉ. के. जयलक्ष्मी के आलेख में ‘रामचरितमानस’ : विश्व मानवता का पथप्रदर्शक भारतीय संस्कृति सदैव से विश्व कल्याण, मानवता और… Read more: डॉ. के. जयलक्ष्मी के आलेख में ‘रामचरितमानस’ : विश्व मानवता का पथप्रदर्शक
- पद्मश्री डॉ. अशोक चक्रधर : विजय नगरकरपद्मश्री डॉ. अशोक चक्रधर : विजय नगरकर साहित्य की दुनिया में कुछ व्यक्तित्व ऐसे होते हैं जो समय की शिला… Read more: पद्मश्री डॉ. अशोक चक्रधर : विजय नगरकर
- जेन-जी की भाषा अब संसद तक! : विजय नगरकरजेन-जी की भाषा अब संसद तक! : विजय नगरकर “वास्तेगुना-हुइंया”, “कुचु-पुचु”, “FOMO”, “MIA”, “Delulu”, “Clocked It”—ये शब्द कभी केवल सोशल… Read more: जेन-जी की भाषा अब संसद तक! : विजय नगरकर
- हिन्दीतर प्रांतों में हिंदी की स्थिति और हिन्दीतर क्षेत्रों के हिंदी समर्थक (शोध-पत्र): डॉ. मोक्षेन्द्रहिन्दीतर प्रांतों में हिंदी की स्थिति और हिन्दीतर क्षेत्रों के हिंदी समर्थक (शोध-पत्र) : डॉ. मोक्षेन्द्र इस शोध-पत्र में हिंदीभाषी… Read more: हिन्दीतर प्रांतों में हिंदी की स्थिति और हिन्दीतर क्षेत्रों के हिंदी समर्थक (शोध-पत्र): डॉ. मोक्षेन्द्र
- श्रवणबेलगोला : इतिहास, संस्कृति एवं आध्यात्मिक विरासत – डॉ.एस.ए.मंजुनाथश्रवणबेलगोला : इतिहास, संस्कृति एवं आध्यात्मिक विरासत – डॉ.एस.ए.मंजुनाथ श्रवणबेलगोला भारत के प्रमुख जैन तीर्थों में से एक है। यह… Read more: श्रवणबेलगोला : इतिहास, संस्कृति एवं आध्यात्मिक विरासत – डॉ.एस.ए.मंजुनाथ
- श्रीलाल शुक्ल की व्यंग्य दृष्टि: संदर्भ ‘अंगद का पांव’ – (आलेख)श्रीलाल शुक्ल की व्यंग्य दृष्टि: संदर्भ ‘अंगद का पांव’ डॉ ज्ञान प्रकाश विजिटिंग प्रोफेसर, हंगुक यूनिवर्सिटी ऑफ फॉरेन स्टडीज, सियोल,… Read more: श्रीलाल शुक्ल की व्यंग्य दृष्टि: संदर्भ ‘अंगद का पांव’ – (आलेख)
- थाईलैंड – माई नाम – (ब्लॉग)थाईलैंड – माई नाम शिखा रस्तोगी, बैंकॉक,थाईलैंड नदियों के महत्व को मनुष्य अच्छी तरह से जानता है। थाई भाषा में,… Read more: थाईलैंड – माई नाम – (ब्लॉग)
रिपोर्ट
- गोपालदास नीरज साहित्य समूह के कवि सम्मेलन में साहित्य और राष्ट्रभावना का अद्भुत संगमगोपालदास नीरज साहित्य समूह के कवि सम्मेलन में साहित्य और राष्ट्रभावना का अद्भुत संगम नई दिल्ली। द्वारका सेक्टर-12 स्थित गैलार्ड… Read more: गोपालदास नीरज साहित्य समूह के कवि सम्मेलन में साहित्य और राष्ट्रभावना का अद्भुत संगम
- हिंदू कम्युनिटी जापान ने टोक्यो में रचा इतिहासहिंदू कम्युनिटी जापान ने टोक्यो में रचा इतिहास कृष्ण जन्माष्टमी एवं तिरंगा उत्सव में पहली बार महिलाओं की दही हांडी,… Read more: हिंदू कम्युनिटी जापान ने टोक्यो में रचा इतिहास
- ‘मेरे जीवन में मातृभाषा – स्थिति और चुनौतियाँ’ विषय पर वैश्विक हिंदी परिवार की अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी संपन्न‘मेरे जीवन में मातृभाषा – स्थिति और चुनौतियाँ’ विषय पर वैश्विक हिंदी परिवार की अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी संपन्न केंद्रीय हिंदी संस्थान,… Read more: ‘मेरे जीवन में मातृभाषा – स्थिति और चुनौतियाँ’ विषय पर वैश्विक हिंदी परिवार की अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी संपन्न
- काजल सूरी की पुस्तक-नाटक ‘सस्सी पुन्नू’ का विमोचनकाजल सूरी की पुस्तक-नाटक ‘सस्सी पुन्नू’ का विमोचन रुबरू थिएटर की ओर से काजल सूरी द्वारा लिखित पुस्तक-नाटक ‘सस्सी पुन्नू’… Read more: काजल सूरी की पुस्तक-नाटक ‘सस्सी पुन्नू’ का विमोचन
- ‘बेशर्ममेव जयते’ के मंचन ने लेखक को दिया रचनात्मक सुख‘बेशर्ममेव जयते’ के मंचन ने लेखक को दिया रचनात्मक सुख मुंबई में प्रेम जनमेजय के व्यंग्य-संग्रह ‘बेशर्ममेव जयते’ पर आधारित… Read more: ‘बेशर्ममेव जयते’ के मंचन ने लेखक को दिया रचनात्मक सुख
- ‘अगम बहै दरियाव’ का नायक पूरा बनकट गाँव है : प्रो. श्रद्धा सिंह‘अगम बहै दरियाव’ का नायक पूरा बनकट गाँव है : प्रो. श्रद्धा सिंह हिंदी विभाग की अध्यक्ष प्रो. श्रद्धा सिंह… Read more: ‘अगम बहै दरियाव’ का नायक पूरा बनकट गाँव है : प्रो. श्रद्धा सिंह
- राष्ट्रीय पुस्तक न्यास में हिंदी माह का शुभारंभ, हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग पर जोरराष्ट्रीय पुस्तक न्यास में हिंदी माह का शुभारंभ, हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग पर जोर राष्ट्रीय पुस्तक न्यास, भारत द्वारा प्रत्येक… Read more: राष्ट्रीय पुस्तक न्यास में हिंदी माह का शुभारंभ, हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग पर जोर
- पुस्तक विमोचन एवं परिचर्चापुस्तक विमोचन एवं परिचर्चा इन्दिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र, कलानिधि संविभाग द्वारा “Homestead Land Entitlement & Musahar Community in Bihar:… Read more: पुस्तक विमोचन एवं परिचर्चा
- राष्टभाषा प्रचार समिति द्वारा राष्ट्रीय सृजन पुरस्कारों की घोषणाराष्टभाषा प्रचार समिति द्वारा राष्ट्रीय सृजन पुरस्कारों की घोषणा मधुकांत को साहित्यश्री, सूरजसिंह नेगी को हिन्दी सृजन पुरस्कारमीरा जैन, लाल… Read more: राष्टभाषा प्रचार समिति द्वारा राष्ट्रीय सृजन पुरस्कारों की घोषणा
- देश को एक सूत्र में बांधती है हिंदी : संदीप पाटीलदेश को एक सूत्र में बांधती है हिंदी : संदीप पाटील हिंदी विश्वविद्यालय में हिंदी माह का शुभारंभ, भारतीय भाषाओं… Read more: देश को एक सूत्र में बांधती है हिंदी : संदीप पाटील


























