डॉ. जवाहर कर्नावट और ब्रजेश राजपूत को साहित्य अकादमी सम्मान 2024


मध्य प्रदेश शासन के संस्कृति विभाग के अंतर्गत साहित्य अकादमी द्वारा वर्ष 2024 के अखिल भारतीय एवं प्रादेशिक कृति पुरस्कारों की घोषणा कर दी गई है। इस वर्ष वरिष्ठ पत्रकार एवं लेखक डॉ. जवाहर कर्नावट तथा प्रतिष्ठित साहित्यकार ब्रजेश राजपूत की कृतियों को विभिन्न सम्मान श्रेणियों में चयनित किया गया है। डॉ. जवाहर कर्नावट को उनकी चर्चित पुस्तक ‘विदेश की हिंदी पत्रकारिता’ के लिए पं. बालकृष्ण शर्मा ‘नवीन’ सम्मान प्रदान किया जाएगा। 27 देशों में 120 वर्षों की हिंदी पत्रकारिता के इतिहास और विकास पर आधारित यह महत्वपूर्ण पुस्तक हिंदी पत्रकारिता के वैश्विक स्वरूप को रेखांकित करती है। इसकी सामग्री को लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में भी स्थान प्राप्त हो चुका है। वहीं वरिष्ठ पत्रकार एवं लेखक ब्रजेश राजपूत की पुस्तक ‘द एवरेस्ट गर्ल’ को उपन्यास विधा में प्रादेशिक वृंदावन लाल वर्मा सम्मान के लिए चुना गया है। यह उपन्यास पर्वतारोही मेघा परमार के संघर्ष, साहस और उपलब्धियों की प्रेरक एवं सच्ची कहानी पर आधारित है। अखिल भारतीय श्रेणी में भोपाल के 10 साहित्यकारों का चयन हुआ है। इनमें डॉ. वीणा सिन्हा (उपन्यास), सुरेश त्यागी एवं संजीव शर्मा (ललित निबंध), डॉ. प्रीति खरे (रेखाचित्र), डॉ. दत्त (अनुवाद), मनोज जैन मधुर (फेसबुक/ब्लॉग/नेट पेज), कौशल दुबे (कविता), मनीष पाटीदार (जीवनी), रेखा दीपक कर्मे (संस्मरण) तथा अशोक पटेल (रेखाचित्र) शामिल हैं। प्रादेशिक कृति पुरस्कारों में डॉ. सांवला श्रीकांत (आलोचना), विवेक रंजन श्रीवास्तव (नाटक), नीना सिंह सोलंकी (बाल साहित्य), डॉ. मीनाक्षी दुबे (संवाद एवं पटकथा लेखन) तथा हरिवल्लभ शर्मा ‘हरी’ (ग़ज़ल संग्रह) का चयन किया गया है। साहित्य जगत ने इन सभी रचनाकारों को मिली इस प्रतिष्ठित मान्यता का स्वागत करते हुए उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दी हैं।
