Category: नवनीत सेमवाल

दिन विशेष कविता : पथिक का पाथेय – नवनीत सेमवाल

दिन विशेष कविता : पथिक का पाथेय – नवनीत सेमवाल (छंद- हरिगीतिका)गंतव्य पथ के आशावान, भाग्य सब कल्पित हैं।श्रांत्यार्थ प्रतिज्ञाबद्ध रहना, यह स्वयं का हित है।ज्यों कालचक्र रहता सदा ही,…

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